बाबाजी ने झंडी फेरी
बाबाजी ने झंडी फेरी बाबाजीने झंडी फेरी किस्मत बदलगई। राम गए मन में रावण सिया चुराइ लई। सिया सुधिलाने की सौगंध खाइ लई।। अंजनी मांने जन्मे उनकी कोख धन्य भईपवन खिलाय गोद उनकी गोद धन्य भई। लंका को पार करके मुदरी गिराइ दईरोती हुई सिया माँ को धीर बँधाइ दई। वन-फल खाए और वाटिका उजाड़ […]
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